राज्योत्सव में ग्राम रायखेड़ा के स्वसहायता समूह के उत्पादों को मिला जबरदस्त प्रतिसाद

The products of self-help group of Raikheda village got tremendous response in Rajyotsava.

रायखेड़ा (mediasaheb.com): छत्तीसगढ़ राज्य के 22 वें स्थापना दिवस के मौके पर प्रदेश के रायगढ़ के मेला ग्राउंड में राज्योत्सव का आयोजन 1 से 5 नवम्बर तक किया गया। कार्यक्रम के अंतर्गत रायपुर एनर्जेन लिमिटेड (आरईएल) और अदाणी फाउंडेशन के मार्गदर्शन में चलाए जा रहे सहेली महिला सशक्त सिलाई समूह महिलाओं द्वारा तैयार किये गए उत्पादों और परिधानों की प्रदर्शनी भी लगायी गई। समूह के उत्पादों का प्रदर्शनी लगाने का मुख्य उद्देश्य समूह द्वारा सिलाई कर बनाये गए सामग्री को बेचकर आय अर्जित करना तथा समूह के उत्पादों का प्रचार प्रसार करना था। प्रदर्शनी में आये लोगों में महिला परिधानों के साथ अन्य उत्पादों जैसे स्कूल बैग, बैग-पैक, मार्केट बैग, टिफिन बैग, बॉटल बैग इत्यादि के लिए अच्छा खासा उत्साह भी देखा गया। पांच दिन के कार्यक्रम में उत्पादों की अच्छी बिक्री भी देखी गयी।

इस प्रदर्शनी में राजधानी रायपुर के पास के ग्राम रायखेड़ा की कई स्व-सहायता समूह की महिलाओं ने भी हिस्सा लिया। जिसमें रायपुर एनर्जेन लिमिटेड (आरईएल) के परिसर में सामाजिक सहभागिता के तहत अदाणी फाउंडेशन के मार्गदर्शन में चलाए जा रहे सिलाई केंद्र की सहेली महिला सशक्त सिलाई समूह जो कि कोऑपरेटिव सोसाइटी के तहत पंजीकृत है, की ग्रामीण महिलाओं द्वारा तैयार किये गए उत्पादों और परिधानों की प्रदर्शनी भी लगायी गई। समूह के उत्पादों का प्रदर्शनी लगाने का मुख्य उद्देश्य समूह द्वारा सिलाई कर बनाये गए सामग्री को बेचकर आय अर्जित करना तथा समूह के उत्पादों का प्रचार प्रसार करना था। प्रदर्शनी में आये लोगों द्वारा महिला परिधान गाउन को काफी पसंद किया गया साथ ही अन्य उत्पादों जैसे स्कूल बैग, बैग-पैक, मार्केट बैग, टिफिन बैग, बॉटल बैग इत्यादि की जबरदस्त बिक्री कर समूह की महिलाओं द्वारा खुशी जाहिर की गयी।

प्रदर्शनी में भाग लेने आयी समूह की महिला सदस्य श्रीमती सेवती धीवर एवं कु. महेश्वरी साहू ने कहा कि, “समूह की इस कार्य में क्षेत्र के अन्य ग्रामीण महिलाओं को सिलाई केंद्र से जोड़ कर सिलाई के माध्यम से आय प्रदान करना है, तथा इनके कार्यों को छत्तीसगढ़ में ही नहीं अपितु अन्य प्रदेशों तक ले जाना चाहते हैं।” इस प्रदर्शनी में भाग लेने हेतु समूह की महिलाओं को रायपुर से रायगढ़ तक परिवहन, रुकने और खाने इत्यादि का सम्पूर्ण इंतजाम अदाणी फाउंडेशन द्वारा किया गया। इसके आलावा आरईएल के आसपास के गांव के ग्रामीणों को रायपुर में आयोजित राज्योत्सव मैदान तक लाने ले जाने हेतु विशेष बस सुविधा भी प्रदान की गयी थी।

विगत आठ वर्षों से आरईएल के निगमित सामाजिक सरकारों के अंतर्गत संचालित सिलाई केंद्र में अदाणी फाउंडेशन द्वारा इन समूहों को एक बड़े हाल में सिलाई हेतु 15 बड़ी इंडस्ट्रीयल एवं 15 छोटी सिलाई मशीन स्थापित की गई है। जिसमें कार्यरत महिलाओं को प्रशिक्षण उपरांत उनके जीविकोपार्जन हेतु समूह में ही सिलाई का कार्य प्रदान किया जाता है। इससे स्थानीय ग्रामीण महिलाएं सिलाई सीख कर इस कार्य को अंजाम देकर खुद के लिए आमदनी अर्जित कर रहीं हैं। इस केंद्र में इन महिलाओ द्वारा विभिन्न प्रकार के महिला परिधान जैसे पेटीकोट, गाउन सलवार -कुर्ती, लहंगा- चोली, स्कूल युनीफार्म, स्कूल बैग, बैग-पैक, मार्केट बैग, टिफिन बैग, बॉटल बैग, लेडीज़ पर्स, साइड बैग, लैपटॉप बैग, गिफ्ट पाउच, कतरन कपड़ों का फुट मैट, इत्यादि जैसे अनेक तरह के परिधानों को बनाने का कार्य किया जाता है।