बिलासपुर (mediasaheb.com) छत्तीसगढ़
उच्च न्यायलय ने पिछले महीने पूर्व पहले मरवाही सदन में नौकर की आत्महत्या के
मामले में स्वयं पर दर्ज प्राथमिकी को रद्द करने के मामले में पूर्व मुख्यमंत्री
अजीत जोगी एवं उनके पुत्र अमित जोगी द्वारा दायर याचिका खारिज कर दिया है।
उच्च
न्यायालय के न्यायमूर्ति आरपी शर्मा की एकल पीठ ने आज यह निर्णय सुनाया,इससे जोगी पिता पुत्र को झटका लगा है। गत 15 जनवरी को बिलासपुर स्थित अजीत जोगी के सरकारी बंगले मरवाही
सदन में उनके रसोईये कोनी थाना क्षेत्र के रमतला निवासी संतोष कौशिक उर्फ मनवा ने
आत्महत्या कर ली थी। घटना के बाद उनके भाई कृष्ण कुमार कौशिक व अन्य परिजनों ने
सिविल लाइन पुलिस के समक्ष दिये गये बयान में कहा था कि अजीत जोगी, अमित जोगी और बंगले में मौजूद स्टाफ द्वारा मृतक पर चोरी का
आरोप लगाकर प्रताड़ित किया जा रहा था। इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने जोगी पिता
पुत्र के खिलाफ मृतक संतोष कौशिक को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में अपराध
दर्ज कर लिया था।(वार्ता)
Saturday, April 25
Breaking News
- नरवाई जलाना खेत और सेहत दोनों के लिए हानिकारक : कृषि मंत्री कंषाना
- कोरिया : ’राज्य से आए तकनीकी अधिकारी एस के साहू ने परखी मनरेगा कार्यों की गुणवत्ता’
- रजरप्पा मंदिर विकास पर हाईकोर्ट सख्त, भैरवी नदी में बैरिकेडिंग का आदेश
- मां नर्मदा को प्रदूषण मुक्त रखने के संकल्प के साथ आटे के दीपक का शुरू किया व्यवसाय
- एमपी में भीषण गर्मी से परेशान बच्चों के लिए स्कूलों की छुट्टी का प्रस्ताव, कलेक्टर की मंजूरी का इंतजार!
- Ganga Expressway: 594KM लंबा मार्ग जो पूरब को जोड़ेगा पश्चिमी यूपी से, 12 जिलों को मिलेगी कनेक्टिविटी
- EPFO New Rule: मई से UPI के जरिए PF का पैसा निकाले जा सकेंगे, जानें कितनी होगी लिमिट
- पेट्रोल-डीजल के बाद अब समोसे और साबुन भी महंगे! कहां से आ रही है ये मुसीबत?
- Bhopal Metro : 2030 तक ‘ऑरेंज-ब्लू’ लाइन का काम पूरा, 28 स्टेशन होंगे तैयार
- 25 अप्रैल राशिफल: कुछ राशियों के लिए शुभ दिन, बाकी को मिल सकती हैं नई चुनौतियाँ


