रायपुर (mediasaheb.com)| मस्कुलर डिस्ट्राफी नामक एक लाईलाज बिमारी के पेशेंट छत्तीसगढ़ सहित पूरे भारत भर में बढ़ती जा रही है जिसका ईलाज आज तक मेडिकल साइंस ढुंढ नहीं पाई है। इस रोग से पीड़ित बच्चे में 05 वर्ष की उम्र से ही उसके मसल्स कमजोर होकर टुटने लगते हैं और बच्चे लाचार होकर 09 साल की उम्र में ही व्हीलचेयर पर आ जाते हैं और अपने दैनिक दिनचर्या की गतिविधियों के लिए दुसरे पर निर्भर हो जाते हैं। 15 वर्ष की अल्प आयु में इनकी मृत्यु हो जाती हैं। इसलिए आज छत्तीसगढ़ मस्कुलर डिस्ट्राफी पीड़ित परिवार का एक जत्था नई दिल्ली के जंतर मंतर में 24 और 25 मार्च को 02 दिवसीय आयोजित शांति पूर्वक धरना प्रदर्शन में शामिल होकर सरकार तक अपनी बात पहुंचाने के लिए दिल्ली रवाना हुए हैं।
छत्तीसगढ़ के जिला रायपुर से राजीव धीवर उम्र 12 वर्ष, दुर्ग जिला से सानिध्य बंजारे उम्र 11 वर्ष, रुद्रनारायण साहू उम्र 14 वर्ष, प्राथमेश आपटे उम्र 11 वर्ष, जिला बालोद से कुणाल साहू उम्र 12 वर्ष, चेतक साहू उम्र 10 वर्ष, जिला बिलासपुर से अरुनेश तिवारी उम्र 12 वर्ष , अंशु वस्त्तकार,बिलासपुर,उम्र10वर्ष , प्रशांत साहू , महासमुंद, उम्र 28 वर्ष , मानवी साहू,उम्र 09 वर्ष एवं जिला खैरागढ़ छुईखदान गंडई से युवराज जंघेल सहित पीड़ित परिवार जीवन दान की उम्मीद से शामिल हों रहे हैं।


