नई दिल्ली
ग्रीक के क्रीट द्वीप से एक बार फिर से चौंकाने वाला मामला सामने आया है। क्रीट द्वीप के पास शनिवार को प्रवासियों को ले जा रही एक नाव पलट गई, जिसमें कम से कम 17 लोगों की मौत हो गई। हालांकि, नाव पर सवार दो लोग जिंदा थे और उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया। ग्रीक स्टेट ब्रॉडकास्टर ईआरटी के अनुसार सभी शव नाव के अंदर से मिले हैं। क्रेटन पोर्ट इरापेट्रा के मेयर, मनोलिस फ्रैंगोलिस ने कहा कि सभी लोग युवा थे। इसके साथ ही उन्होंने जानकारी दी है कि नाव की हवा दो तरफ से निकल गई थी, जिससे यात्रियों को एक सीमित जगह में रहना पड़ा। ईआरटी ने बताया कि कोरोनर इस बात की जांच कर रहे हैं कि क्या इन लोगों की मौत पानी की कमी/डिहाइड्रेशन की वजह से हुई। ग्रीक के अधिकारियों ने बताया कि यह नाव क्रीट के दक्षिण-पश्चिम में 26 नॉटिकल मील या 48 किलोमीटर दूर मिला।
वहीं ग्रीक न्यूज एजेंसी एना के मुताबिक, एक तुर्किए कार्गो जहाज ने बहती हुई नाव को देखा और अधिकारियों को बताया। मामले की छानबीन के लिए दो कोस्टगार्ड जहाज और यूरोपीय सीमा तटरक्षक एजेंसी फ्रोंटेक्स का एक जहाज, एक फ्रोंटेक्स एयरक्राफ्ट और एक सुपर प्यूमा हेलीकॉप्टर उस इलाके में गए।
कोस्टगार्ड ने कहा कि बचे हुए लोगों ने बताया कि खराब मौसम की वजह से नाव अस्थिर हो गई थी और उनके पास रहने की कोई जगह या खाना या पानी नहीं था।
इससे पहले भी ग्रीक में ऐसी घटनाएं हुई हैं। हाल ही में ग्रीक के गावदोस द्वीप के पास एक प्रवासी नाव पलटने से तीन लोगों की मौत हो गई थी। हालांकि, इस घटना में 56 लोगों को बचा लिया गया।
ग्रीक के तटरक्षक बल ने बताया कि मंगलवार को खराब मौसम के बीच बड़े पैमाने पर राहत और बचाव अभियान चलाया जा रहा है, ताकि लापता लोगों को खोजा जा सके। सिन्हुआ ने सरकारी प्रसारक ईआरटी के हवाले से बताया कि जीवित बचे लोगों से यह नहीं पता चल पा रहा है कि नाव में कुल कितने लोग सवार थे।
घटना की जांच में फ्रोंटेक्स ने यूनानी अधिकारियों की मदद की। गावदोस, क्रीट द्वीप के दक्षिण में स्थित है, और यह वह मार्ग है जिसका इस्तेमाल अक्सर उत्तर अफ्रीका से यूरोप पहुंचने की कोशिश करने वाले प्रवासी करते हैं।
यह साल 2015 से यूनान में यूरोपीय संघ में प्रवेश करने वाले प्रवासियों और शरणार्थियों का प्रमुख रास्ता रहा है। 10 लाख से ज्यादा लोगों ने, मुख्य रूप से तुर्किए से इसकी सीमाओं को पार किया था।
पिछले कुछ वर्षों में सैकड़ों लोग भूमध्य सागर में यूरोप पहुंचने की कोशिश में डूबकर जान गंवा चुके हैं। मानवाधिकार संगठनों ने बार-बार अपील की है कि समुद्री बचाव को और मजबूत किया जाए और प्रवास के लिए सुरक्षित रास्ते बनाए जाएं। इस हादसे से एक दिन पहले यूनान के लेसवोस द्वीप के पास एक और प्रवासी नाव डूब गई थी, जिसमें चार लोगों की मौत हुई और सात लोगों को बचाया गया।
अभी तक यह साफ नहीं हो सका है कि नाव में कितने लोग सवार थे, क्योंकि बचे हुए सभी लोग सूडान के नागरिक हैं और वे अंग्रेजी नहीं बोल पाते, जिससे बातचीत में दिक्कत हो रही है।
Friday, June 5
Breaking News
- पाली के ग्राम पंचायत मुड़ापार में जनसमस्या निवारण शिविर का हुआ आयोजन 238 आवेदनों का हुआ त्वरित निराकरण
- 5 जून का राशिफल: इन राशियों की चमकेगी किस्मत, धन और करियर में मिलेंगे शुभ संकेत
- भोपाल के डायल-112 हीरोज घर की राह भटकी 03 वर्षीय मासूम को सुरक्षित परिजनों से मिलाया
- मुख्य सचिव का वीडियो कांफ्रेंस में शामिल केबिनेट सचिव ने राष्ट्रीय महत्व के कार्यक्रमों एवं योजनाओं के एक्शन प्लान को लेकर किया विमर्श
- मुख्यमंत्री श् विष्णुदेव साय ने बिलासपुर में निर्माणाधीन नालंदा परिसर एवं एजुकेशन हब का किया निरीक्षण
- विश्व पर्यावरण पर राज्यपाल ने दिया जल और पर्यावरण संरक्षण का संदेश
- पुलिस प्रशिक्षण शाला उज्जैन में 206 नव आरक्षकों का दीक्षांत समारोह संपन्न
- पर्यावरण संरक्षण एक युग का संकल्प; जल की हर बूंद में भविष्य की धड़कन
- उत्तर प्रदेश में जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों के समाधान पर होगी चर्चा
- भोपाल में आँधी-अँधड़ से विद्युत प्रदाय में आई बाधा को दूर करने युद्ध स्तर पर कार्रवाई जारी


