रायपुर (mediasaheb.com) छत्तीसगढ़ में भारतीय पुलिस सेवा के वरिष्ठ अघिकारी मुकेश गुप्ता व उनकी सहयोगी कर्मी रही रेखा नायर को बिलासपुर हाईकोर्ट ने निर्देश दिया है कि वे उनके खिलाफ दर्ज मामलों की जांच में सहयोग करें। अदालत ने श्री गुप्ता को 23 अप्रैल तथा रेखा नायर को 22 अप्रैल को ईओड्ब्लु के समक्ष जांच के लिए उपस्थित होने भी कहा है।
मुकेश गुप्ता के खिलाफ नान मामले से संबंधित अवैध फोन टैपिंग तथा अन्य आरोप के संबंध में धारा 166, 166ए(बी) 167,168,193,196,201,466,467,468,471,120 बी,आईपीसी, एवं धारा 25-26 की सहपठित धारा 5(2) भारतीय टेलीग्राफ एक्ट, के तहत अपराध दर्ज किया गया है। इस मामले की सुनवाई हाईकोर्ट में गुरुवार को हुई। अदातल ने दोनों आरोपियों के खिलाफ सुनवाई की है। सूत्रों के अनुसार निलंबित आईपीएस मुकेश गुप्ता और स्टेनो रेखा नायर को हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। जस्टिस सावंत के कोर्ट में गुरुवार को एक बड़ा फैसला सुनाया गया है। हाईकोर्ट ने आईपीएस मुकेश गुप्ता और स्टेनो रेखा नायर के खिलाफ नो कोर्स ऑफ़ एक्शन का जजमेंट दिया है। नो कोर्स ऑफ़ एक्शन याने फ़िलहाल ईओडब्ल्यू आईपीएस मुकेश गुप्ता और रेखा नायर के खिलाफ कोई बड़ा एक्शन नहीं ले सकेगी।
उल्लेखनीय है कि जस्टिस सावंत के कोर्ट में आईपीएस मुकेश गुप्ता और रेखा नायर के खिलाफ आपराधिक याचिका लगाई गई थी। ईओडब्ल्यू के द्वारा नान घोटाला और फोन टेपिंग मामले में केस दर्ज कराया गया था। हाईकोर्ट में 9 अप्रैल को ही मामले में बहस पूरी हो चुकी थी. बहस के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया गया था। आज हाईकोर्ट ने निलंबित आईपीएस और स्टेनो रेखा नायर के खिलाफ नो कोर्स ऑफ़ एक्शन का फैसला सुनाया है


