चम्पारण.
दुनिया का सबसे बड़ा शिवलिंग पूर्वी चम्पारण के जानकीपुर में बन रहे विराट रामायण मंदिर पहुंच गया है। यहीं पर 17 जनवरी को 5 नदियों के जल से अभिषेक किया जाएगा। हरिद्वार, प्रयागराज, गंगोत्री, कैलाश मानसरोवर, सोनपुर आदि के जल से शिवलिंग का अभिषेक होगा।
इधर, सोमवार को विराट शिवलिंग जैसे ही पूर्वी चंपारण की धरती पर पहुंचा, श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। स्थापना से 12 दिन पहले श्रद्धालुओं ने शिवलिंग का भव्य स्वागत किया। शिवलिंग को लेकर सबसे बड़ी चुनौती डुमरियाघाट थाना क्षेत्रके रामपुर-खजुरिया ओवरब्रिज को पार करना रहा। इसे पार करने में पांच घंटे लग गए। कड़ाके की ठंड के बावजूद हजारों की संख्या में भक्त घंटों पहले से सड़क किनारे खड़े होकर शिवलिंग के स्वागत का इंतजार करते नजर आए। डुमरिया घाट पुल पार करते ही चारों ओर हर-हर महादेव के नारे गूंजे। जगह-जगह भव्य स्वागत द्वार बनाए गए थे, फूल-मालाओं और रोशनी से पूरे रास्ते को सजाया गया था। श्रद्धालुओं ने ढोल-नगाड़ों और शंखनाद के साथ भगवान शिव का अभिनंदन किया। कई स्थानों पर शिवलिंग को कुछ देर के लिए रोका गया, जहां भक्तों ने विधिवत पूजा-अर्चना की और जयकारे लगाए।
हर चौराहे पर पुलिस टीम मौजूद
शिवलिंग की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर मोतिहारी प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आई। चकिया के DSP संतोष कुमार खुद सुरक्षा व्यवस्था की कमान संभाले हुए हैं। उनके नेतृत्व में करीब 150 से अधिक पुलिस बल को तैनात किया गया है। इनमें सीनियर पुलिस अधिकारी से लेकर सिपाही तक शामिल हैं।


