मुजफ्फरपुर.
राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) के सरसंघचालक मोहन भागवत बिहार दौरे के क्रम में रविवार को मुजफ्फरपुर पहुंचे। उत्तर बिहार के प्रांत कार्यालय मधुकर निकेतन, आलमबाग चौक पहुंचने पर उन्होंने अल्पाहार ग्रहण किया। इसके बाद वह मुजफ्फरपुर-दरभंगा फोरलेन पर गडहां स्थित ब्लू डायमंड रिसोर्ट में आयोजित संवाद कार्यक्रम में शामिल होंगे।
संघ प्रमुख के आगमन को लेकर कलमबाग क्षेत्र सहित कार्यक्रम स्थल पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई है। बड़ी संख्या में संघ कार्यकर्ता और पदाधिकारी कार्यक्रम स्थल पर पहुंच रहे हैं। दो दिवसीय प्रवास के दौरान मोहन भागवत 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस के अवसर पर मधुकर निकेतन परिसर में सुबह नौ बजे झंडोत्तोलन करेंगे। इसके बाद वह खंड से लेकर प्रांत स्तर तक के संघ पदाधिकारियों के साथ संवाद करेंगे।
संघ कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, पहले दिन वह सामाजिक सद्भाव गोष्ठी सह संवाद कार्यक्रम में भाग लेंगे। इस दौरान समाज परिवर्तन में सज्जन शक्ति की भूमिका पर अपना उद्बोधन देंगे। कार्यक्रम में उत्तर बिहार के विभिन्न जिलों से प्रतिनिधि शामिल होंगे।
आरएसएस से बाल स्वयंसेवक के रूप में जुड़े 75 वर्षीय अधिवक्ता गौरीशंकर प्रसाद उर्फ गौरी बाबू ने बताया कि यह पहला अवसर है, जब कोई सरसंघचालक गणतंत्र दिवस के दिन मुजफ्फरपुर में संघ कार्यालय परिसर में झंडोत्तोलन करेंगे। उन्होंने बताया कि संघ के दूसरे सरसंघचालक गुरुजी माधवराव सदाशिव गोलवलकर सहित बाद के लगभग सभी सरसंघचालक मुजफ्फरपुर आए हैं, लेकिन इस विशेष अवसर पर झंडोत्तोलन और संबोधन का यह पहला मौका है। संवाद कार्यक्रम स्थल पर उत्तर बिहार प्रांत के विभिन्न जिलों से पहुंचे स्वयंसेवकों और प्रतिनिधियों का रजिस्ट्रेशन जारी है। प्रवेश से पहले सभी आगंतुक अपना निबंधन करा रहे हैं।
परिसर में अल्पाहार की समुचित व्यवस्था की गई है, जहां लोग भोजन कर रहे हैं। कार्यक्रम स्थल पर संघ साहित्य बिक्री केंद्र पर भी भारी भीड़ देखी जा रही है। साहित्य में रुचि रखने वाले स्वयंसेवक और कार्यकर्ता वहां जुटे हुए हैं।इसी बीच सुरक्षा व्यवस्था को और पुख्ता करने के लिए डॉग स्क्वायड की टीम ने परिसर में पहुंचकर सघन जांच शुरू कर दी है। पूरे परिसर की गहन तलाशी ली जा रही है।
उत्तर बिहार प्रांत कार्यालय के सभी प्रमुख पदाधिकारी और कार्यकर्ता व्यवस्था संभालने में जुटे हुए हैं। बिना पहचान पत्र या प्रवेश कार्ड के किसी को भी अंदर प्रवेश की अनुमति नहीं दी जा रही है। केवल आमंत्रण पत्र प्राप्त लोगों को ही कार्यक्रम स्थल में प्रवेश दिया जा रहा है।


