रांची.
राज्य के अधिकांश हिस्सों में सुबह के समय ठंड और कोहरे का प्रभाव बना हुआ है, जबकि रात में तापमान गिरने से कड़ाके की ठंड महसूस की जा रही है। साथ ही कहीं कहीं बादल तो कहीं धूप निकलने से मौसम में उतार-चढ़ाव बना हुआ है। पतली और ठंडी हवाओं के चलने से सर्दी का असर और तेज हो गया है। राजधानी रांची समेत राज्य के प्रमुख शहरों में अधिकतम तापमान 23 से 26 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया है।
कहां-कितना दर्ज हुआ तापमान?
मौसम विभाग के अनुसार, राज्य में न्यूनतम तापमान 6 से 11 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना हुआ है। रांची में अधिकतम तापमान 22.8 डिग्री और न्यूनतम 12.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं जमशेदपुर में अधिकतम 25.4 और न्यूनतम 10.5 डिग्री, डाल्टनगंज में अधिकतम 25.6 और न्यूनतम 8.3 डिग्री, बोकारो में अधिकतम 25.1 और न्यूनतम 11.2 डिग्री तथा देवघर में अधिकतम 24.4 और न्यूनतम 10.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ है।
गुमला रहा राज्य का सबसे ठंडा इलाका
मौसम केंद्र, रांची की रिपोर्ट के अनुसार गुमला राज्य का सबसे ठंडा जिला रहा, जहां न्यूनतम तापमान 6.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। हालांकि दिन में 23.6 डिग्री अधिकतम तापमान और धूप निकलने से लोगों को राहत मिली। वहीं लातेहार ऐसा जिला रहा, जहां दिन के समय भी ठंड का असर बना रहा। यहां अधिकतम तापमान मात्र 18.7 डिग्री और न्यूनतम 9.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। चाईबासा में राज्य का सर्वाधिक 26.8 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान रिकॉर्ड हुआ, जबकि अन्य जिलों में अधिकतम तापमान 21 से 26 डिग्री के बीच रहा।
इन 11 जिलों में जारी हुआ येलो अलर्ट
मौसम विभाग ने 5 जनवरी तक राज्य के 11 जिलों-गढ़वा, पलामू, चतरा, हजारीबाग, कोडरमा, गिरिडीह, देवघर, दुमका, गोड्डा, साहिबगंज और पाकुड़-में सुबह के समय घना कोहरा छाए रहने की संभावना जताते हुए येलो अलर्ट जारी किया है। विशेषकर 4 जनवरी को उत्तरी झारखंड में घना कोहरा देखने को मिल सकता है, जिससे दृश्यता कम रहने और सड़क व रेल यातायात प्रभावित होने की आशंका है।
लोगों से सावधानी बरतने की दी सलाह
मौसम विभाग ने वाहन चालकों को सावधानी बरतने, धीमी गति से वाहन चलाने और फॉग लाइट के उपयोग की सलाह दी है। साथ ही किसानों को बढ़ती ठंड और नमी को देखते हुए फसलों की सुरक्षा के उपाय अपनाने को कहा गया है। आम लोगों, खासकर बच्चों और बुजुर्गों को ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े पहनने और सुबह-शाम अतिरिक्त सतर्कता बरतने की आवश्यकता है।


