अररिया,
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार बुधवार को अपनी समृद्धि यात्रा के क्रम में अररिया पहुंचे। यहां उन्होंने विभिन्न योजनाओं का निरीक्षण किया और अधिकारियों को कई निर्देश भी दिए। इस बीच, उन्होंने आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि बिहार में हर तबके के लिए विकास का कार्य किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इशारों-इशारों में राजद पर निशाना साधते हुए कहा कि 2005 से पहले वाली सरकार ने कुछ काम नहीं किया। बिहार में विकास के कार्य हो रहे हैं। अब बिहार और आगे बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि बिहार में सड़कों, पुल-पुलियों का निर्माण किया गया। पहले हम लोगों का लक्ष्य सुदूरवर्ती इलाके से पटना पहुंचने के लिए छह घंटे का था, जिसे पूरा कर लिया गया। इसके बाद आज प्रदेश के किसी भी इलाके से लोग पांच घंटे में पटना पहुंच रहे हैं।
उन्होंने महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए किए गए कार्यों का जिक्र करते हुए कहा कि पहले की सरकार ने महिलाओं के लिए कोई काम नहीं किया था, लेकिन आज महिलाओं को आगे बढ़ाने के लिए काम किए गए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी वृद्धजनों, दिव्यांगजनों और विधवा महिलाओं को मिलने वाली पेंशन की राशि 400 रुपए से बढ़ाकर 1100 रुपए कर दी गई है, जिससे 1.14 करोड़ लोगों को फायदा हो रहा है।
सीएम नीतीश ने कहा कि वर्ष 2023 में जाति आधारित गणना कराई गई जिसमें लोगों की आर्थिक स्थिति की भी जानकारी ली गई है। इसमें 94 लाख गरीब परिवार पाए गए, जिनमें अपर कास्ट, पिछड़ा, अति पिछड़ा, दलित, महादलित एवं मुस्लिम समुदाय के लोग शामिल हैं। इनके रोजगार के लिए दो लाख रुपए की दर से सहायता देना शुरू किया गया और इस सहायता को पांच वर्षों में सभी लोगों को देना था। हम लोगों ने अब तय कर दिया है कि इन सभी 94 लाख गरीब परिवारों को प्राथमिकता के आधार पर रोजगार योजनाओं से जोड़कर राशि दी जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2006 में पंचायती राज संस्थाओं एवं वर्ष 2007 में नगर निकायों में महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण की व्यवस्था लागू की गई। अब तक चार चुनाव हो चुके हैं। हम लोगों ने वर्ष 2013 से पुलिस में 35 प्रतिशत आरक्षण दिया। अब बिहार पुलिस में महिलाओं की संख्या देश में सबसे अधिक है। वर्ष 2016 से महिलाओं को सभी सरकारी नौकरियों में 35 प्रतिशत आरक्षण दिया जा रहा है। पहले बिहार में स्वयं सहायता समूह की संख्या बहुत कम थी।
नीतीश कुमार ने कहा कि 20 नवंबर 2025 को राज्य में नई सरकार के गठन के कुछ ही दिनों बाद हम लोगों ने राज्य को देश के सर्वाधिक विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल करने हेतु सात निश्चय-3 के कार्यक्रमों को लागू किया है। उन्होंने कहा कि सात निश्चय-3 के प्रमुख उद्देश्यों में एक उद्देश्य मजबूत आधार आधुनिक विस्तार है।
उन्होंने केंद्र सरकार की प्रशंसा करते हुए कहा कि केंद्र सरकार से भी लगातार सहयोग मिल रहा है। बहुत तेजी से बिहार आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने भविष्य की योजनाओं को लेकर कहा, “बिहार में हर क्षेत्र में काम हुआ है, चाहे शिक्षा हो, स्वास्थ्य हो, सड़क हो, बिजली हो, कृषि हो। महिला सशक्तिकरण के लिए भी अनेक काम किए गए हैं। अब विकास की गति को और तेज किया जाएगा। केन्द्र सरकार का भी पूरा सहयोग मिल रहा है। अगले पांच वर्षों के लिए सात निश्चय-3 को लागू किया गया है। दोगुना रोजगार, दोगुनी आय के अंतर्गत राज्य की प्रति व्यक्ति औसत आय को दोगुना किया जाएगा। मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत हर महिला को 10 हजार रुपए दिए गए हैं। जिनका रोजगार अच्छा चलेगा, उन्हें दो लाख रुपए तक की सहायता दी जाएगी। अगले पांच वर्षों में एक करोड़ युवाओं को नौकरी और रोजगार उपलब्ध कराए जाएंगे। बंद चीनी मिलों को चालू किया जाएगा।”
इस मौके पर लगाए गए विभिन्न विकासात्मक योजनाओं के स्टॉलों का भी मुख्यमंत्री ने निरीक्षण किया। कोशी दुग्ध परियोजना, पूर्णिया अंतर्गत अररिया सेंटर के सुदृढ़ीकरण और नवीनीकरण योजना समेत कई योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। उन्होंने दुग्ध आपूर्तिकर्ताओं से भी संवाद किया।


